नारायणपुर(अमर छत्तीसगढ) 24 जुलाई। छत्तीसगढ़ में नक्सलियों के खिलाफ चलाए जा रहे एंटी नक्सल ऑपरेशन के दौरान नारायणपुर पुलिस को बड़ी सफलता मिली हैं। अबूझमाड़ में सक्रिय नक्सलियों के टेक्निकल टीम के कमांडर सहित आठ नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है।
सरकार नक्सल मुक्त बस्तर के एलान को धरातल में कामयाब करने फोर्स मॉनसून ऑपरेशन चला रही हैं। घने जंगलों में फोर्स की आमद होने से नदी नालों को सुरक्षा कवच मानकर रहने वाले नक्सलियों में भय का वातावरण बन गया हैं। इसी के चलते नक्सल संगठन को छोड़कर नक्सली मुख्यधारा में लौट रहे हैं।
पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी ने कहा कि, पूरे बस्तर संभाग में प्रतिबंधित व अवैध माओवादी संगठन CPI (Maoist) के विरुद्ध एक सशक्त अभियान जारी है। वर्ष 2025 के शुरुआती छह महीनों में ही 204 माओवादी विभिन्न मुठभेड़ों में मारे गए हैं। वही 140 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया हैं।
बस्तर पुलिस इस अभियान की गति को बनाए रखने के लिए प्रतिबद्ध है। मानसून जैसी विषम परिस्थिति में भी यह सफलता सुरक्षा बलों के दृढ़ संकल्प को दर्शाती है कि बस्तर में स्थायी शांति, प्रगति और समृद्धि सुनिश्चित की जाएगी।
इस पूरे मामले को लेकर नारायणपुर एसपी रॉबिंसन गुड़िया ने कहा कि, आज नारायणपुर में 33 लाख के इनामी 8 हार्डकोर माओवादियों ने सरेंडर किया है। मुख्य रूप से PLGA बटालियन के प्लाटून 1 और प्लाटून 16 के पांच माओवादी हैं।
एक जो ब्यूरो TD जो मुख्य रूप से हथियार बनाती है उसका कमांडर सरेंडर करेगा। उसके साथ कई माओवादी सरेंडर कर रहे हैं। इस प्रकार चार पुरुष और चार महिला आत्मसमर्पण कर रहे हैं। ये सभी 33 लाख के इनामी हैं।

