मुंगेली(अमर छत्तीसगढ) 5 जुलाई। छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले में स्कूल से घर लौटते समय अचानक लापता हुईं चार बच्चियों को पुलिस ने महज आठ घंटे में सकुशल बरामद कर परिजनों को सौंप दिया। ‘ऑपरेशन मुस्कान’ के तहत की गई यह कार्रवाई जिले में त्वरित और प्रभावी पुलिसिंग का उत्कृष्ट उदाहरण बन गई है।
घटना पथरिया थाना अंतर्गत ग्राम पेटुलकापा की है, जहां की चार नाबालिक छात्राएं 4 जुलाई को स्कूल से घर लौटते समय अचानक लापता हो गई थीं। जैसे ही बालिकाओं की गुमशुदगी की सूचना मिली, पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल के निर्देश पर एक विशेष रेस्क्यू टीम का गठन किया गया।

टीम ने बिना समय गंवाए सरगांव, पथरिया, बिलासपुर और रायपुर हाइवे तक विस्तृत सर्च अभियान चलाया। इसी दौरान बिलासपुर बस स्टैंड और रेलवे स्टेशन क्षेत्र में तैनात टीमों ने विशेष सतर्कता बरतते हुए चारों बालिकाओं को सुरक्षित ढूंढ निकाला।
इस ऑपरेशन में साइबर सेल प्रभारी सुशील बंछोर और उनकी टीम की भूमिका अत्यंत सराहनीय रही। टीम ने सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन ट्रैकिंग, इलेक्ट्रॉनिक निगरानी जैसे संसाधनों का कुशलता से उपयोग कर संभावित स्थानों का दायरा सीमित किया, जिससे बच्चियों को ट्रेस करना संभव हुआ।
रेस्क्यू अभियान में थाना पथरिया और थाना सरगांव की टीमों ने भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पुलिस बल ने पूरे अभियान को मानवीय संवेदना और सतर्कता के साथ अंजाम दिया। बालिकाओं के सकुशल मिलने की खबर परिजनों तक पहुंचते ही माहौल भावुक हो गया। परिवारों की आंखों में राहत और आभार से आंसू थे।
एसपी ने टीम को दी बधाई
पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने ऑपरेशन में शामिल समस्त अधिकारियों और कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि यह सिर्फ एक रेस्क्यू नहीं, बल्कि समाज के विश्वास की रक्षा है। पुलिसिंग सिर्फ कानून-व्यवस्था नहीं, मानवता की सेवा भी है।

