रानी दहरा जलप्रपात में फंसे युवक की तलाश जारी, कलेक्टर ने एसडीआरएफ को बुलाया…. अब रानी दहरा में बिना अनुमति प्रवेश नहीं, पर्यटकों के लिए जारी सुरक्षा गाइडलाइन कड़ाई से पालन करने के सख्त निर्देश दिए

रानी दहरा जलप्रपात में फंसे युवक की तलाश जारी, कलेक्टर ने एसडीआरएफ को बुलाया…. अब रानी दहरा में बिना अनुमति प्रवेश नहीं, पर्यटकों के लिए जारी सुरक्षा गाइडलाइन कड़ाई से पालन करने के सख्त निर्देश दिए

कवर्धा(अमर छत्तीसगढ) , 22 जुलाई 2025। कलेक्टर गोपाल वर्मा ने आज सोमवार को सुबह कबीरधाम जिले के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल रानी दहरा जलप्रपात का दौरा किया और हाल ही में हुई दुर्घटना के मद्देनजर स्थल का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने पर्यटकों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इधर उपमुख्यंत्री श्री विजय शर्मा ने भी घटना की जानकारी ली और सुरक्षा उपायों को कड़ाई से पालन कराने के लिए निर्देशित किया।

कलेक्टर श्री वर्मा के साथ वनमंडलाधिकारी श्री निखिल अग्रवाल, जिला पंचायत सीईओ श्री अजय त्रिपाठी, बाढ़ आपदा एवं राहत जिला प्रभारी व डिप्टी कलेक्टर श्री आर.बी. देवांगन ने भी घटना स्थल का निरीक्षण किया। इस अवसर पर बोड़ला एसडीएम सुश्री रुचि शार्दूल, तहसीलदार सुश्री राजश्री पांडेय एवं नगर सेनानी किशोर कुमार श्रीवास्तव भी उपस्थित थे।


गौरतलब है कि मुंगेली निवासी युवक श्रीजल पाठक रानी दहरा जलप्रपात क्षेत्र में लापता हो गया है। नगर सेनानी की 17 सदस्यीय टीम लगातार सर्च ऑपरेशन में लगी हुई है। कलेक्टर ने मौके पर पहुंचकर तलाशी अभियान की समीक्षा की और एसडीआरएफ की टीम को त्वरित बुलाने के निर्देश दिए। नगर सेनानी का अनुमान है कि युवक जलप्रपात के ऊपरी हिस्से में फंसा हो सकता है।
कलेक्टर श्री वर्मा ने इस घटना की पुनरावृत्ति रोकने के उद्देश्य से पर्यटन स्थल में 24 घंटे निगरानी के लिए वन विभाग और नगर सेनानी के दो-दो जवानों की ड्यूटी लगाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही जलप्रपात क्षेत्र के खतरनाक स्थानों को चिन्हांकित कर चेतावनी बोर्ड, जागरूकता स्लोगन, और बैरिकेडिंग की मरम्मत के आदेश भी संबंधित अधिकारियों को दिए गए।


पर्यटन स्थल की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उन्होंने निर्देश दिए कि प्रत्येक आगंतुक का नाम और पता रजिस्टर में अनिवार्य रूप से दर्ज किया जाए। संध्या 5 बजे के बाद किसी भी पर्यटक को प्रवेश न देने और 5:30 बजे तक सभी आगंतुकों की वापसी सुनिश्चित करने को कहा गया है।
गहरे जल क्षेत्र में नहाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने, खतरनाक स्थानों पर सेल्फी न लेने, तथा केवल चिन्हित सुरक्षित स्थानों से ही फोटोग्राफी की अनुमति देने के भी निर्देश दिए गए हैं। इसके अतिरिक्त, पर्यटन क्षेत्र में पर्यावरण एवं जैवविविधता को बनाए रखने के लिए खाना पकाने हेतु अनियंत्रित आग पर रोक, प्लास्टिक के कप, प्लेट, चम्मच आदि के उपयोग पर प्रतिबंध, और चट्टानों या पेड़ों पर जनहानि रोकने हेतु सुरक्षात्मक संदेश अंकित कराने के निर्देश भी दिए गए।
जलप्रपात क्षेत्र में मदिरा या नशीली पदार्थों का सेवन पूरी तरह निषेध रहेगा। ऐसे मामलों में पुलिस व आबकारी विभाग द्वारा सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। कलेक्टर ने पुलिस अधीक्षक व जिला आबकारी अधिकारी को समय-समय पर पेट्रोलिंग करने तथा सभी विधिसम्मत कार्यवाही शासन के नियमों के अनुरूप सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
साथ ही उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के निर्देश दिए कि उनके क्षेत्र में आने वाले अन्य पर्यटन स्थलों पर भी इसी प्रकार की सुरक्षा व्यवस्थाएं लागू की जाएं, जिससे जनहानि की संभावनाओं को न्यूनतम किया जा सके।
प्राकृतिक सौंदर्य से भरपूर रानी दहरा जलप्रपात, कबीरधाम जिले के बंजारी वनखंड के मैकल पर्वत श्रेणी में गड़नीया नाला द्वारा निर्मित है, जहां प्रतिदिन सैकड़ों पर्यटक पहुंचते हैं।

लापता युवक के परिजनों से मिले कलेक्टर, दोस्त से ली घटना की जानकारी

कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा ने रानी दहरा जलप्रपात में लापता हुए युवक श्रीजल पाठक के परिजनों से मुलाकात कर घटना की जानकारी ली। उन्होंने युवक के पिता श्री सुनील पाठक और उनके बड़े पापा व चाचा से मिलकर संवेदना व्यक्त की और घटनाक्रम की विस्तृत जानकारी प्राप्त की।
घटना के समय श्रीजल पाठक के साथ मौजूद उनके मित्र उमेश साहू (निवासी मुंगेली) से भी कलेक्टर ने बातचीत की। उमेश ने बताया कि “हम दोनों झरने के ऊपर हिस्से में घूमने गए थे, तभी अचानक पानी का बहाव तेज हो गया। वहां हम दोनों के अलावा और भी कई लोग थे, जो जान बचाकर किसी तरह बाहर निकल आए। लेकिन श्रीजल पानी के तेज बहाव में फंस गया और हमारी आंखों के सामने ही ओझल हो गया।”
नगर सेनानी की 17 सदस्यीय टीम द्वारा प्रशिक्षित जवानों की सहायता से युवक की खोजबीन लगातार की जा रही है। प्रशासन द्वारा एसडीआरएफ की टीम को भी बुलाया गया है, जो जल्द ही रेस्क्यू ऑपरेशन में शामिल होगी।

बरसात में सतर्क रहें, सुरक्षित रहें: कलेक्टर श्री वर्मा की आम नागरिकों से जनअपील,सेल्फी के लिए अपनी जान जोखिम में ना डाले

कवर्धा(अमर छत्तीसगढ) , 22 जुलाई 2025।
कलेक्टर गोपाल वर्मा ने वर्षा ऋतु के दौरान आम नागरिकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जनजागरूकता की अपील जारी की है। उन्होंने कहा कि बरसात के मौसम में जलप्रपात, नदी-नालों और पुल-पुलियों में जल का बहाव अत्यधिक तेज हो सकता है, जिससे दुर्घटनाएं होने की आशंका रहती है। ऐसे में प्रत्येक व्यक्ति को स्वयं की सुरक्षा के प्रति सतर्क और जागरूक रहना आवश्यक है।


कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि कई बार लोग रोमांच या सोशल मीडिया पर पोस्ट करने की उत्सुकता में खतरनाक स्थानों पर जाकर सेल्फी लेने का प्रयास करते हैं, जो जानलेवा साबित हो सकता है। “कृपया जान जोखिम में डालकर सेल्फी न लें। यह एक पल का रोमांच, जीवनभर का पछतावा बन सकता है।” उन्होंने सेल्फी प्रेमियों से अपील की कि केवल प्रशासन द्वारा चिन्हांकित सुरक्षित स्थलों से ही फोटो या वीडियो लें।

जनहित में जारी कलेक्टर श्री वर्मा की प्रमुख अपीलें इस प्रकार हैं
जलप्रपात, नदियों व नालों में तेज बहाव के समय प्रवेश से बचें।खतरनाक स्थानों पर सेल्फी लेना पूरी तरह से वर्जित है। सुरक्षित स्थानों का ही उपयोग करें। पुल-पुलियों या सड़कों पर बहते पानी को पार करने का प्रयास न करें। बच्चों को जल स्रोतों के पास अकेले न भेजें।पर्यटक निर्देशों व चेतावनी बोर्ड का पालन अवश्य करें। भारी बारिश में पर्वतीय, जलप्रपात वाले क्षेत्रों की यात्रा से बचें।

किसी भी आपात स्थिति में तत्काल प्रशासन या बचाव दल को सूचित करें।
कलेक्टर श्री वर्मा ने कहा कि प्रशासन नागरिकों की सुरक्षा के लिए हरसंभव प्रयास कर रहा है, लेकिन जनसहयोग के बिना सुरक्षा व्यवस्था प्रभावी नहीं हो सकती।

उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे स्वयं भी सतर्क रहें और दूसरों को भी जागरूक करें।
“हर नागरिक की जिम्मेदारी है कि वह प्राकृतिक स्थलों पर सावधानी बरते, जोखिम से बचे और अपने व अपनों की सुरक्षा सुनिश्चित करे।”

Chhattisgarh