राजनांदगांव(अमर छत्तीसगढ) 20 जनवरी। समीपस्थ ग्राम तिलई में गाजे-बाजे, भजन व धुमाल की धुन पर भव्य कलश यात्रा निकली। कलश यात्रा के साथ ही नौ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ एवं श्री शिव महापुराण कथा का आगाज हुआ।
गाजे-बाजे, भजन मंडली एवं जयघोष के साथ महिलाओं ने पीली साड़ी पहनकर कलश यात्रा निकाली। कलश यात्रा का जगह-जगह स्वागत किया गया। यात्रा के माध्यम से सामाजिक समरसता का संदेश और गायत्री मिशन के कार्यों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।
तीन घंटे तक गांव भ्रमण के बाद यह कलश यात्रा शाम 5 बजे यज्ञ स्थल (गोठान चौक) पहुंची जहां विधि विधान के साथ देव पूजन एवं कलश की स्थापना की गई।

आयोजन समिति के संयोजक डी. आर. साहू, डॉ. गौतम देवांगन एवं पुरानिक देवांगन, डॉ. टीकाराम साहू ने बताया कि 21 जनवरी को प्रात: 6.30 बजे से सामूहिक साधना, ध्यान योग, प्रात: 9 बजे नौ कुण्डीय गायत्री महायज्ञ, संस्कार एवं दोपहर दो बजे से श्रीशिव महापुराण की संगीतमय कथा होगी।
यज्ञ स्थल में गायत्री परिव्राजक कीर्तन देवंागन द्वारा अपने पिता दौव्वाराम देवांगन की स्मृति में रक्तदान शिविर का आयोजन बुधवार को किया जा रहा है।
परसो 22 जनवरी को भी यज्ञ होगा एवं शाम को श्रीराम लला प्राण प्रतिष्ठा समारोह होगा।
भगवान राम की आरती होगी एवं रात्रि में नवआदर्श मानस मंडली की प्रस्तुति होगी। 23 एवं 44 जनवरी को भी यज्ञ कथा एवं विविध संस्कार होंगे। 24 जनवरी को पूर्णाहूति के साथ यज्ञ का समापन होगा। हरिद्वार से आए प्रज्ञा पुत्रों की विदाई होगी।

