राजनांदगांव जैन बगीचा में विराजित विराग मुनि का आज 81 उपवास…. इंद्रिय विजय की साधना में जो निरंतर रत रहे वही कहलाते है “साधु” – मुनि श्री
राजनांदगांव (अमर छत्तीसगढ़) आगम ज्ञाता, युवाहृदय सम्राट, प.पू. गणाधीश पंन्यास प्रवर श्री विनयकुशल मुनि गणिवर्य जी म.सा. के सुशिष्यओजस्वी वक्ता,…










