गूंजे भगवान महावीर के जयकारे, भीलवाड़ा शहर की पावन धरा पर महासाध्वी कुमुदलताजी का मंगल आगमन… महासाध्वी कुमुदलताजी मसा का भव्य भीलवाड़ा नगर प्रवेश, जीतो हाउस से विहार कर पहुंचे कांचीपुरम

गूंजे भगवान महावीर के जयकारे, भीलवाड़ा शहर की पावन धरा पर महासाध्वी कुमुदलताजी का मंगल आगमन… महासाध्वी कुमुदलताजी मसा का भव्य भीलवाड़ा नगर प्रवेश, जीतो हाउस से विहार कर पहुंचे कांचीपुरम

भीलवाड़ा(अमर छत्तीसगढ), 30 जून। करीब दस वर्ष के इन्तजार के बाद श्रमण संघीय जैन दिवाकरीय मालव सिंहनी पूज्या श्री कमलावतीजी म.सा. की सुशिष्या अनुष्ठान आराधिका पूज्य महासाध्वी डॉ. श्री कुमुदलताजी म.सा. आदि ठाणा 4 के पावन चरण सोमवार को फिर धर्मनगरी भीलवाड़ा शहर की पावन धरा पर पड़े तो भगवान महावीर ओर जैन दिवाकर चौथमलजी म.सा. के जयकारे गूंजायमान हो उठे।

आध्यात्मिक चातुर्मास आयोजन समिति सुभाषनगर के तत्वावधान में होने वाले चातुर्मास के लिए अनुष्ठान आराधिका महासाध्वी डॉ.कुमुदलताजी म.सा.,स्वर साम्राज्ञी महासाध्वी महाप्रज्ञाजी म.सा.,वास्तुशिल्पी साध्वी पद्मकीर्तिजी म.सा.,विद्याभिलाषी साध्वी राजकीर्तिजी म.सा. आदि ठाणा का भीलवाड़ा नगर प्रवेश सोमवार सुबह जीतो हाउस से कांचीपुरम आदिनाथ जैन स्थानक तक विहार के साथ हुआ। तीव्र उमस की परवाह किए बिना महासाध्वी मण्डल की अगवानी के लिए श्रावक-श्राविकाएं उमड़े।

कांचीपुरम पहुंचने पर क्षेत्रवासियों ने उनका भावपूर्ण स्वागत अभिनंदन किया। स्थानक में आयोजित प्रवचन में महासाध्वी कुमुदलताजी म.सा. के सानिध्य में गौतम स्वामी की आराधना की गई।

स्वर साम्राज्ञी महासाध्वी महाप्रज्ञाजी म.सा. ने ‘सच कहती हूं भक्तों उद्वार हो जाएगा,सुमिरन करो चौथमलजी का बेड़ा पार हो जाएगा’ भजन से शुरूआत करते हुए कहा कि जीवन में एक कदम का बहुत महत्व होता है ओर व्यक्ति एक कदम बढ़ा ले तो मंजिल प्राप्त कर सकता है। हमने एक कदम आगे बढ़ाया तो विहार करते हुए मुंबई से भीलवाड़ा पहुंच गए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2015 के बाद अब भीलवाड़ा आगमन हुआ है यहां भौतिक विकास तो खूब हो गया है अब चातुर्मास आध्यात्मिक विकास करने का अवसर है।

भटकना जिनकी आदत है वह घर नहीं पा सकते जीवन में भव भ्रमण को विराम देना है तो किसी की भी निंदा करने से बचना चाहिए। उन्होंने कहा कि उपदेश सुनने से अधिक महत्वपूर्ण उस पर चिंतन करते हुए जीवन में धारण करना है।

धर्मसभा में वास्तुशिल्पी साध्वी पद्मकीर्तिजी म.सा. ने कहा कि चातुर्मास भीलवाड़ा की पावनधरा पर आध्यात्मिक गंगा प्रवाहित करने का सुअवसर है। इंसान से इंसान मिलता है तो परिवार बन जाता है ओर परिवार से परिवार मिलता है तो समाज बन जाता है ओर समाज जब मिल जाता है तो चातुर्मास सफल बन जाता है।

चातुर्मास आयोजन समिति के संयोजक महावीरसिंह चौधरी ने साध्वी मण्डल का अभिनंदन करते हुए कहा कि भीलवाड़ा में 13 वर्ष बाद फिर हो रहा यह चातुर्मास केवल जैन धर्मावलम्बियों का नहीं बल्कि 36 कौम का चातुर्मास है। यह चातुर्मास हमे धर्म साधना करते हुए आध्यात्मिक आनंद की अनुभूति करने का अवसर दे रहा है।

सुश्राविका निर्मला भड़कत्या एवं टीम ने स्वागत गीत की प्रस्तुति दी। अनिला सुराणा एवं शकुन्तला खमेसरा ने भी भावों की अभिव्यक्ति दी। कांचीपुरम श्रीसंघ के अध्यक्ष निर्मल गुगलिया ने सभी का स्वागत करते हुए इस बात पर खुशी जताई कि महासाध्वी मण्डल का नगर प्रवेश का लाभ इस संघ को प्राप्त हुआ।

संचालन चातुर्मास आयोजन समिति के सचिव राजेन्द्र सुराना ने किया। धर्मसभा में सुभाषनगर श्रीसंघ के अध्यक्ष हेमन्त कोठारी, ललित बाबेल, प्रदीप सांखला, अशोक बुरड़, एन सी जैन, राजेन्द्र बिरानी सहित भीलवाड़ा शहर के विभिन्न क्षेत्रों से एवं बिजयनगर, गुलाबपुरा, चितौड़गढ़ पधारे श्रावक-श्राविकाएं मौजूद थे। गौतम प्रसादी का लाभ दौलतमल निर्मला, आशीष राहुल भड़कत्या परिवार ने लिया।

प्रभावना के लाभार्थी ज्ञानचंद अर्पित सिंघवी परिवार रहा। महासाध्वी मण्डल के मंगलवार के प्रवचन कांचीपुरम स्थित आदिनाथ जैन स्थानक में सुबह 8.45 से 9.45 बजे तक रहेगे।

महासाध्वी मण्डल की भीलवाड़ा शहर में अगवानी के लिए उमड़े श्रावक-श्राविकाएं

महासाध्वी डॉ.कुमुदलताजी म.सा. आदि ठाणा की चातुर्मासिक नगर प्रवेश यात्रा सुबह 6.45 बजे जीतो हाउस से शुरू हुई। जोधड़ास चौराहा,अंडरब्रिज,संतोषीमाता मंदिर,एमटीएम रोड होते हुए कांचीपुरम तक पहुंची तो मार्ग में जगह-जगह श्रावक-श्राविकाएं दर्शन वंदन कर उससे जुड़ते गए। हाथों में धर्म ध्वजा लिए भक्तगण भगवान महावीर ओर जैन धर्म के जयकारे लगाते हुए चल रहे थे। नगर प्रवेश यात्रा में आध्यात्मिक चातुर्मास आयोजन समिति के अध्यक्ष दौलतमल भड़कत्या,सचिव राजेन्द्र सुराना, जीतो भीलवाड़ा चैप्टर के पूर्व चैयरमेन सुशीलकुमार डांगी, जैन कॉन्फ्रेंस राजस्थान शाखा के अध्यक्ष आनंद चपलोत, जीतो भीलवाड़ा लेडिज विंग की अध्यक्ष नीता बाबेल, जैन कॉन्फ्रेंस आत्मध्यान योजना की राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष लाड़ मेहता, सुभाषनगर श्रीसंघ के मंत्री बंशीलाल बोहरा,श्री जैन दिवाकर धाम संस्था के अध्यक्ष सुरेन्द्र मेहता, राजेन्द्रसिंह चण्डालिया, मदनलाल सिपानी, मनोज मेहता, संग्रामसिंह आंचलिया,अनिल कोठारी, पुखराज धमाणी, राजेश सिसोदिया, हेमन्त बाबेल, नितिन बापना, मनीष सेठी, प्रदीप पारख, गौरव सुराणा, अशोक बुरड़, अनिल कोठारी सहित कई श्रावक-श्राविकाओं ने सेवाएं दी।

निलेश कांठेड़
मीडिया प्रभारी

Chhattisgarh