रायपुर(अमर छत्तीसगढ) 14 जुलाई। छत्तीसगढ़ विधानसभा के पहले दिन राजस्व निरीक्षक की विभागीय परीक्षा में गड़बड़ी का मामला सदन में गूंजा। भाजपा विधायक राजेश मूणत और अजय चंद्राकर के साथ पूर्व सीएम भूपेश बघेल के सवालों पर राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा घिरते नजर आए। मंत्री के जवाब पर सदन में विपक्ष के विधायकों का हंगामा मचाया। सत्तापक्ष की नोक-झोंक से नाराज विपक्ष ने सदन से वॉकआउट किया।
इसके पहले भाजपा विधायक राजेश मूणत ने राजस्व निरीक्षक की विभागीय परीक्षा में गड़बड़ी का मुद्दा उठाते हुए मंत्री से सवाल किया कि गृह विभाग की जांच का क्या हुआ? दोषियों पर कार्रवाई कब होगी? कुल कितने परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए?
राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने जवाब में कहा कि भर्ती होने से राजस्व विभाग को अमला मिल जाएगा और काम में सहूलियत होगी। पिछली सरकार के दौरान परीक्षा की प्रक्रिया शुरू हुई. लेकिन परीक्षा परिणाम आने के बाद शिकायत हुआ।
5 सदस्यीय टीम बनाकर हमने जांच कराई तो अनियमितता पाई गई है। मंत्री ने बताया कि भाई-भाई भी एक जगह बैठे पाए गए. सामान्य विभाग ने गृह विभाग को जांच के लिए पत्र लिखा, फिर गृह विभाग ने भी पत्र लिखा कि सम्बंधित विभाग सक्षम है।
इस मामले की जांच इओडब्ल्यू को सौंपी गई है, जांच शुरू हो गई है, हम किसी को नहीं बख्शेंगे, वास्तविक दोषी तक पहुंचकर कार्रवाई करेंगे, भारतमाला परियोजना में गड़बड़ी की तरह इस तरह की जांच कर रहे हैं।
मूणत ने कहा कि मंत्री को विभाग में आए 9 दिन भी नहीं हुआ था, और परीक्षा ले ली गई। साली और जीजा, भाई-भाई एक साथ बैठे थे। अनियमितता जांच में पाई गई तो फिर कार्रवाई क्यों नहीं की गई? जबकि वरिष्ठ 5 अधिकारियों की टीम ने जांच की।
इस पर कार्रवाई क्यों नहीं की गई? इस पर टंकराम वर्मा ने कहा कि जांच कमेटी ने निष्कर्ष में कहा है कि प्रस्तुत दस्तावेज साक्ष्य की श्रेणी में नहीं आता है। ये जरूर है कि गड़बड़ी हुई है और जांच कमेटी ने स्वीकार किया है। लेकिन कॉल डिटेल निकालना है, इसमें इओडब्ल्यू जांच कर रही है।
मूणत ने इस पर कहा कि मंत्री आधा पढ़ रहे हैं, कहें तो रिपोर्ट सदन की पटल पर रख देता हूं, पिछली सरकार के हैं ये सभी घोटाले, चाहे पीएससी हो या कोई। टंकराम वर्मा ने कहा कि जो भी दोषी होगा उसपर ठोस कार्रवाई होगी, किसी को बख्शा नहीं जाएगा। मूणत ने कहा कि क्या अगले सत्र से पहले दोषियों पर कार्रवाई कर देंगे? तब टंकराम वर्मा ने कहा कि प्रयास रहेगा कि अगले सत्र से पहले जांच पूरी कर कार्रवाई हो जाए।
भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि इओडब्ल्यू जांच का निर्णय किसने लिया? आपके विभाग में इओडब्ल्यू जांच हो ये फैसला किसका है? इस पर टंकराम वर्मा ने कहा कि विभाग ने ही इओडब्ल्यू को जांच के लिए दिया।
भूपेश बघेल ने भी दागे सवाल
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पूछा कि परीक्षा आपकी सरकार आने के बाद हुई या पहले। इस पर टंकराम वर्मा ने कहा कि जनवरी 2024 में परीक्षा हुई और फरवरी में रिजल्ट आया. मंत्री के इस जवाब के बाद सदन में जोरदार हंगामा। विपक्ष के विधायकों भाजपा सरकार में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए हंगामा किया।
भूपेश बघेल ने कहा कि दोषियों को बचाने की कोशिश हो रही है। क्या सीबीआई से इसकी जांच कराएंगे? भाजपा विधायक धरमलाल कौशिक ने कहा कि क्या सीबीआई पर आपको भरोसा है? इसके साथ ही भाजपा विधायकों ने भूपेश बघेल को घेरा। सत्ता पक्ष की नोक-झोंक से नाराज विपक्ष ने सदन से वॉकआउट किया।

