रायपुर(अमर छत्तीसगढ) 29 सितंबर। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने नक्सलियों के युद्धविराम को लेकर जारी किए गए पत्र को भ्रामक बताया। उन्होंने कहा कि, जो नक्सली आत्मसमर्पण करना चाहते हैं, तो स्वागत है। लेकिन कोई सीजफायर नहीं होगा। इसी को लेकर नक्सलियों के साथ युद्ध विराम पर अब गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि यह पूर्व निर्धारित योजना है।
युद्ध विराम की कोई बात नहीं है। जितने भी नक्सलियों ने पत्र लिखा है, जिनका भाव ऐसा है कि बस्तर में वर्तमान में खून खराबा बंद होना चाहिए। अगर किसी के मन में यह भाव है। उनके पास समय कम है, आगे बढ़े। लाल कार्पेट बिछाकर आपका स्वागत करने तैयार है।
रायपुर से नक्सलियों की गिरफ्तारी की कार्रवाई को लेकर गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि पिछले दो सालों में जब से वहां पर काम शुरू हुआ था। उन्होंने नए बेस बनाने की तैयारी की थी. स्टेट इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (SIA) बहुत अच्छा काम कर रही है।
रायपुर और कोरबा समेत अन्य शहरों में ऐसा नेटवर्क मिला है। जांच एजेंसी इसकी भी पूरी प्रोफाइलिंग करके नक्सलियों के शहरी नेटवर्क को ध्वस्त करने का काम कर रही हैं।
गृहमंत्री विजय शर्मा ने नक्सलियों की शहरी क्षेत्रों में बढ़ती गतिविधियों पर उन्होंने कहा कि हाल ही में गिरफ्तार किए गए नक्सली पिछले दो साल से यहां अपनी सक्रियता बढ़ाने की कोशिश कर रहे थे।
गृहमंत्री ने जनता से अपील की कि अगर कोई किराएदार हैं तो उसकी जानकारी पुलिस को अवश्य दें। इसके लिए पुलिस का ऐप भी बनाया गया है, जहां किराएदारों को आसानी से रजिस्टर किया जा सकता है।
गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि नक्सलियों के जितने बेस है, सबकी प्रोफाइलिंग की जा रही। सब कुछ ठीक किया जाएगा। नक्सलियों के पास पहुंचने वाला पैसा बहुत कम हो गया है। करीब 80 प्रतिशत की कम आई है। इसके बावजूद उनके पास इतनी राशि है।

