मांगलिक श्रवण को उमड़े भक्त लिया आशीर्वाद
नाकोड़ा राजस्थान (अमर छत्तीसगढ) 14 दिसम्बर।
(प्रकाश जैन वरिष्ठ पत्रकार)
नाकोड़ा तीर्थ में प्रवास कर रहे प्रख्यात जैनाचार्य श्रीमद् विजय कला पूर्ण सुरीश्वर जी ने कहा कि नाकोड़ा तीर्थ की महिमा अपरंपार है श्री भैरव दादा भक्तों को भक्तों की दिन मांगे बिन मांगे झोली भरते हैं। ये तीर्थ नहीं महाजन्नत हैं।

आचार्य प्रवर तीर्थ के पद्मावती हाल में भक्ति श्रद्धालुओं के बीच बोल रहे थे उन्होंने कहा कि नाकोड़ा तीर्थ में वर्ष पर्यन्त 36 कौमों की आवाजाही बनी रहती है। जो परमात्मा व देवो में देव महान चमत्कारी श्री नाकोड़ा भैरव दादा के प्रति गहरी आस्था श्रद्धा का परिचायक है।
जाग्रत प्रतिमा है, दिव्य शांति की अनुभूति होती है
जैनाचार्य प्रवर ने बताया की तीर्थ में स्थापित मुलनायक श्री पार्श्व प्रभु एवम श्री भैरव देव की जाग्रत प्रतिमा है। इस तीर्थ में रहने और बार बार आने का मन करता है। इस पावन धरा पर आने से दिव्य सुख शान्ति का गहरा अहसास होता है।

दिया दिव्य मांगलिक,कांबली ओढ़ाकर किया अभिनंदन
जैनाचार्य प्रवर ने भगवान के जन्म कल्याणक पर संत मंडल व साध्वी मंडल एवम श्रावक संघ को दिव्य मांगलिक प्रदान किया। इस मौके पर तीर्थ ट्रस्ट मंडल ने अध्यक्ष रमेश मुथा के नेतृत्व में आचार्य प्रवर सहित संत मंडल को विधिवत वंदन नमन कर कांबली ओढ़ाकर सम्मान अभिनंदन किया। ट्रस्ट मंडल के उपाध्यक्ष लूणकरण बोथरा व लाभार्थी परिवार के मोहनलाल मुथा परिवार ने स्वागत करते हुए आभार जताया। इस मौके पर विधायक अरुण चौधरी ने भी शिरकत कर दर्शन कर अभिभूत दिखाई दिए। विधायक ने आचार्य से आशीर्वाद भी लिया।

