नाकोड़ा महातीर्थ में हर्षोल्लास से मनाया भगवान पार्श्वनाथ का जन्मोत्सव, देशभर से हजारों श्रद्धालु भक्त उमड़े, वरघोड़ा एवम मंदिर परिक्रमा में झलका जबरदस्त उत्साह भक्ति भाव

नाकोड़ा महातीर्थ में हर्षोल्लास से मनाया भगवान पार्श्वनाथ का जन्मोत्सव, देशभर से हजारों श्रद्धालु भक्त उमड़े, वरघोड़ा एवम मंदिर परिक्रमा में झलका जबरदस्त उत्साह भक्ति भाव

नाकोड़ा राजस्थान (अमर छत्तीसगढ) 14 दिसम्बर।
(प्रकाश जैन )

जैन धर्म के 23 वे तीर्थंकर प्रभु श्री पार्श्वनाथ भगवान का जन्मोत्सव जैन धर्म के विख्यात तीर्थ श्री नाकोडा महा तीर्थ में श्रद्धा आस्था,भक्ति,समर्पण भाव से हर्षोल्लास पूर्वक मनाया गया। इस अवसर पर प्रदेश सहित देश के विभिन्न कोणों से हजारों श्रद्धालु भक्तों ने नाकोड़ा मेले के साक्षी बनकर धन्य हुए।


नाकोड़ा तीर्थ गुंजा पार्श्व भैरव की जयकारों एवम नवकार की स्वर लहरियों से
भगवान पार्श्वनाथ के जन्मोत्सव पर 03दिवसीय मेले के भव्य आयोजन पर प्रमुख दिवस पोषबदी दशमी भगवान के अवतरण दिवस पर प्रदेश सहित देश भर के 36 कौम के भक्त का तीर्थ में सैलाब उमड़ा,लगा भक्ति का सागर नाकोड़ा में बह रहा हो। महातीर्थ के मुख्य परिसर में अलभोर से ही भगवान श्री पार्श्वनाथ एवम श्री नाकोड़ा भैरवदेव एवं अन्य भगवान के दर्शन हेतु लोगों में अपार उत्साह श्रद्धा देखी गई। मुख्य मंदिर में पूजा अर्चना एवं दर्शन हेतु भक्तों की लंबी कतारे लगी हुई थी।


साधु संतों के पावन निश्रा में खुले मंदिर के पट्ट
पौषबदी दशमी पार्श्व प्रभु के जन्म कल्याणक दिवस पर नाकोड़ा तीर्थ के मुख्य मंदिर का का पट्ट सवेरे 5.30 बजे शुभ मूहर्त में जैन धर्म के प्रख्यात आचार्य श्रीमद विजयकलापूर्ण सुरीश्वर जी,संत एवं साध्वी मंडल के सानिध्य में ट्रस्ट मंडल,लाभार्थी परिवार एवं भक्तों ने नवकार महामंत्र की स्वर लहरियो एवं तीर्थ में स्थापित मूलनायक भगवान श्री पार्श्वनाथ एवम अधिष्टायक देव महान चमत्कारी श्री भैरव दादा की जय जयकारों के बीच पट्ट खोले गए। श्रद्धालु भक्तों में दादा के दीदार की जबरदस्त होड़ देखी गई। भक्त श्रद्धालु गण पूजा,अर्चना,भक्ति भाव कर अपने आप पुलकित दिखाई दिए


वरघोड़ा में झूमे भक्त श्रद्धालु,किया स्वागत अगुवाई
पूजा अर्चना के बाद श्री नाकोड़ा ट्रस्ट मंडल एक जुलस के तहत संपूर्ण मेला के लाभार्थी मुथा परिवार के आवास स्थल वी जी पारिख भवन पहुंचा। लाभार्थी परिवार ने ट्रस्ट मंडल एवं तीर्थ प्रबंधन का स्वागत एवं अभिनंदन किया।यहां से एक विराट वरघोड़ा संत मंडल के पावन सानिध्य में जय जयकारों के उद्घोषों के बीच बैंड बाजा ढोल ढमाका, हाथी घोड़े व रथ के साथ रवाना हुआ है।

तीर्थ के संपूर्ण परिसर में इस वरघोड़े को देखने हेतु भक्त श्रद्धालु आतुर दिखे।मुख्य मंदिर में लाभार्थी परिवार ने पूरे भक्ति भावों से श्रद्धा पूर्वक 56 भोग अर्पण किए। पूरा मंदिर परिसर श्री पार्श्व भैरव दादा के भजन,गीतो एवम उद्घोषों से गूंजायमान हो गया। भगवान श्री पार्श्व नाथ एवं नाकोड़ा भैरव दादा के के प्रति अनन्य श्रद्धा भक्ति समर्पण भाव प्रकट किए।


प्रकाश जैन, वरिष्ठ पत्रकार
आशीष जैन फोटो जर्नलिस्ट

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