परिवार ओर जमाने की चिंता छोड़ अपनी आत्मा की चिंता भी करना सीखे…. ऐसा बनाए जीवन,मरने के समय हंसते-हंसते जाए, मौत से भी मोहब्बत निभाएं हम-समकितमुनिजी
हैदराबाद(अमर छत्तीसगढ), 24 सितम्बर। जिंदगी का सफर कोई समझा नहीं कोई जाना नहीं। समाधिपूर्वक जो अपनी आयुष्य पूर्ण करने वालों…






