सबसे बड़े नक्सली लीडर पापा राव ने डाले हथियार : AK47- कारतूस और कैश के साथ किया सरेंडर, DGP ने संविधान की प्रतियां देकर किया स्वागत

सबसे बड़े नक्सली लीडर पापा राव ने डाले हथियार : AK47- कारतूस और कैश के साथ किया सरेंडर, DGP ने संविधान की प्रतियां देकर किया स्वागत

जगदलपुर(अमर छत्तीसगढ़) 26 मार्च । छत्तीसगढ़ को नक्सल मुक्त बनाने की दिशा में बुधवार 25 मार्च सबसे बड़ा दिन साबित हुआ। ऐसा हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि, बस्तर में बचे आखरी बड़े कैडर का नक्सली पापा राव ने जगदलपुर में अपने साथियों के साथ सरेंडर कर दिया। इनमें 7 महिला नक्सली समेत 11 पुरुष नक्सलियों ने सरेंडर किया।

नक्सलियों ने AK47 सहित 12 हथियार, कारतूस और कैश के साथ सरेंडर किया। पुलिस महानिदेशक अरुण गौतम ने संविधान की प्रतियां देकर उनका स्वागत किया।

पाप राव और उनके साथियों के पास एके 47, एसएलआर जैसे कई हथियार हैं। बताया जाता है कि, पापा राव दोरला जनजाति का है। माओवादी कैडर में उसका रैंक डीकेएसजेडसी है।

पुलिस के हुई कई मुठभेड़ों में वह बच कर निकलने में सफल रहा था। माना जा रहा है कि, पापा राव के सरेंडर के साथ ही छत्तीसगढ़ को नक्सलमुक्त घोषित करने का रास्ता साफ हो जाएगा।

वहीं आत्मसमर्पण को लेकर पापा राव ने कहा कि बदलते हालात की वजह से फैसला लिया। पार्टी के भविष्य को बचाने के लिए सरेंडर किया। जान बचाने के लिए नहीं।

हथियारबंद संघर्ष से नुकसान बढ़ रहा है। अब संविधान के तहत अब लड़ाई लड़ी जाएगी। उन्होंने आगे कहा कि बस्तर की लड़ाई के लिए मुख्यधारा में लौटे हैं। सभी नक्सली अब मुख्यधारा में लौट आएं।

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