चैन्नई(अमर छत्तीसगढ), 4 जुलाई। राजर्षि भीष्म पितामह पूज्य सुमतिप्रकाशजी म.सा. के ़सुशिष्य आगमज्ञाता, प्रज्ञामहर्षि पूज्य डॉ. समकितमुनिजी म.सा., प्रेरणाकुशल भवान्तमुनिजी म.सा., गायनकुशल जयवंतमुनिजी म.सा. आदि ठाणा का वर्ष 2025 का चातुर्मास गुरू सुमति विशाल चातुर्मास समिति चैन्नई के तत्वावधान में एएमकेएम जैन मेमोरियल ट्रस्ट पुरूषावक्कम के प्रांगण में होने जा रहा है।
इसके लिए भव्य आध्यात्मिक मंगल प्रवेश शनिवार 5 जुलाई को होगा। मंगलप्रवेश से पूर्व कोसापेट जैन स्थानक में सुबह 7.30 बजे से सह जोड़ा सुख विपाक आगम आराधना होगी। मंगल शोभायात्रा सुबह 8 बजे कोसापेट स्थानक से शुरू होकर एएमकेएम पुरूषावक्कम पहुचेंगी।
समकित के संग समकित की यात्रा का आगाज पूज्य समकितमुनिजी म.सा. के वर्ष 2017 में चैन्नई चातुर्मास के दौरान ही हुआ था। आठ वर्ष बाद समकित यात्रा चैन्नई में आने से जिनशासन आराधकों में उत्साह का माहौल है महानगर के हर क्षेत्र में समकित वाणी की गूंज है। हर कोई जिनशासन का संदेश जन-जन तक पहुंचा रही इस यात्रा से जुड़ आत्मकल्याण के लक्ष्य से समकित यात्री बनने को आतुर है।
पूज्य समकित गुरूवर के दर्शन लाभ पाने ओर धर्म संदेश श्रवण करने के लिए चैन्नई ही नहीं देश के हर क्षेत्र से बड़ी संख्या में श्रावक-श्राविकाएं पहुंच रहे है। चातुर्मास धर्म साधना ओर तप त्याग की दृष्टि से एतिहासिक बने इसके लिए सभी को प्रेरणा प्रदान की जा रही है।
चातुर्मास का आगाज 1008 तेला तप की आराधना से
चातुर्मास का 10 जुलाई को विधिवत आगाज होने से पूर्व 9 जुलाई से 1008 सामूहिक तेला तप की आराधना शुरू जाएगी। तेला तप के इस महायज्ञ में प्रत्येक परिवार को कम से कम एक तेला तप समर्पित करने की प्रेरणा दी गई है।
चातुर्मास के दैनिक कार्यक्रम में प्रतिदिन सुबह 6.30 बजे से प्रार्थना एवं सुबह 9.15 से 10.15 बजे तक प्रवचन होगा। सूर्यास्त के बाद प्रतिक्रमण होगा। प्रत्येक रविवार को दोपहर 2.30 से 4 बजे तक प्रवचन होगा। चातुर्मास में प्रत्येक मंगलवार को सुबह 8.30 से 9.15 बजे तक आगम आराधना होगी।
प्रत्येक शुक्रवार को प्रातः 10.30 बजे से पार्श्व पद्यावती एकासन विधि सहित एवं सुबह 11 बजे से दक्षिण भारतीय स्वाध्याय संघ के लिए धार्मिक कक्षा होगी। प्रत्येक शनिवार श्रावक-श्राविकाओं के लिए प्रश्न मंच होगा। प्रत्येक रविवार को सुबह 7.30 से 8.30 बजे तक युवाओं के लिए विशेष कक्षा एवं सुबह 10 से 11.30 बजे तक बच्चों के लिए समकित कक्षा का आयोजन होगा।
चातुर्मास के साथ शुरू होंगा 49 दिवसीय चौमुखी नवकार महामंत्र जाप
चातुर्मास प्रारंभ से संवत्सरी तक यानि 10 जुलाई से 27 अगस्त तक प्रतिदिन रात 8.15 से 9.15 बजे तक चौमुखी नवकार महामंत्र जाप होंगे। इस 49 दिवसीय जाप में चारों दिशाओं में रजत फल रखा जाएगा। गौरतलब है कि वर्ष 2022 में पूज्य समकितमुनिजी म.सा. आदि ठाणा के भीलवाड़ा चातुर्मास के दौरान इस 49 दिवसीय जाप ने जिनशासन भक्ति की मिसाल कायम की।
जाप में प्रतिदिन चार-पांच हजार से अधिक भक्तों के उमड़ने ने नवकार भक्ति की अनुकरणीय मिसाल स्थापित की। नवकार भक्ति का ऐसा ही रंग बाद में वर्ष 2023 के पूना ओर वर्ष 2024 के ग्रेटर हैदराबाद में हुए चातुर्मास में भी छाया रहा।

चातुर्मास में 18 दिवसीय पुण्यकलश आराधना 21 जुलाई से
पूज्य समकितमुनिजी म.सा. के सानिध्य में हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी चातुर्मास में समकित यात्रा के तहत 18 दिवसीय पुण्यकलश आराधना का आयोजन होगा।
गुरू चरणों में धर्म आराधना एवं समकित यात्रा करने का सुनहरा अवसर पुण्य कलश आराधना इस वर्ष 21 जुलाई से 7 अगस्त तक होगी। इसके तहत प्रतिदिन 35 मिनट पुण्य का खजाना भरने की विधि कराई जाएगी। पुण्यकलश आराधक को एक दिन उपवास व एक दिन बियासना करना होगा।
इस आराधना में भाग लेने के इच्छुक श्रावक-श्राविकाओं को अपना रजिस्ट्रेशन कराना जरूरी है। चैन्नई से बाहर के कोई आराधक इससे जुड़ना चाहे तो अपने बारे में पूरी जानकारी मो. 7310548453 पर देकर रजिस्ट्रेशन करा सकते है।
(निलेश कांठेड़)

